NEW English Version

पिताओं के सम्मान में एसबीआई लाइफ इंश्योरेंस एक बार फिर मना रहा है #PapaHaiNa (पापा हैं न) कैंपेन

मुंबई : पिताओं को अक्सर अपने बच्चों का रक्षक माना जाता है, लेकिन उनकी भूमिका सिर्फ उन्हें चुनौतियों से बचाने तक सीमित नहीं होती। आज के समय में कई पिता अपने बच्चों की सुरक्षा के उद्देश्य से उनके लिए एक बेहद व्यवस्थित और नियंत्रित माहौल तैयार करते हैं, जहाँ दिनचर्या तय होती है और अनुभवों को भी सावधानी से चुना जाता है। यह सब उनके गहरे प्रेम और देखभाल का परिणाम होता है, लेकिन कई बार यही संरक्षण बच्चों को उन अनुभवों से दूर कर देता है, जो उनमें आत्मविश्वास, दृढ़ता और जीवन की चुनौतियों का सामना करने की क्षमता विकसित करते हैं।

पितृत्व की इसी बदलती सोच को सामने लाते हुए एसबीआई लाइफ इंश्योरेंस ने अपनी लोकप्रिय डिजिटल प्रॉपर्टी #PapaHaiNa (पापा हैं न) के तहत एक नया डिजिटल वीडियो कमर्शियल (डीवीसी) जारी किया है। यह नई डिजिटल फिल्म एक ऐसे पिता की कहानी बयाँ करती है, जो यह महसूस करता है कि बच्चे को भविष्य के लिए तैयार करने का मतलब उसे हर चुनौती से बचाना नहीं, बल्कि उसे खुद जीवन की राह पर चलना सिखाना है, ताकि वह गिरकर खुद संभलना सीख सके।

पहाड़ों की खूबसूरत वादियों के बीच फिल्माई गई यह कहानी एक परिवार की छुट्टियों पर आधारित है। बस खराब हो जाने के कारण, एक छोटे-से बच्चे को अपनी स्क्रीन (मोबाइल) छोड़कर बाहरी दुनिया से जुड़ने का मौका मिलता है। जब वह स्थानीय बच्चों के साथ खेलता है और नई चीजें सीखता है, तो पिता के सामने एक महत्वपूर्ण सच आता है: असली विकास हर गिरावट से बचने में नहीं, बल्कि गिरने के बाद फिर से उठने का आत्मविश्वास रखने में है।

अपने बच्चे को जोखिम उठाते और अनुभव से सीखते देख, पिता को समझ आता है कि सच्ची सुरक्षा हर चीज को नियंत्रित करने में नहीं है। बल्कि, यह बच्चे को वह भरोसा देने में है, जिससे वह जिज्ञासा और साहस के साथ आगे बढ़ सके। यह फिल्म आज के पिताओं की बदलती भूमिका को दर्शाती है, जो सुरक्षा और स्वतंत्रता के बीच संतुलन बनाना जानते हैं, क्योंकि जब ‘पापा की प्लानिंग हो पक्की, तो लाइफ में गारंटेड बेनिफिट्स पक्के’।

डिजिटल फिल्म देखने के लिए यहाँ क्लिक करें:

डिजिटल फिल्म के लॉन्च पर बोलते हुए, एसबीआई लाइफ इंश्योरेंस के चीफ ऑफ ब्रांड, कॉर्पोरेट कम्युनिकेशन और सीएसआर, श्री रवींद्र शर्मा ने कहा, “आज पितृत्व के मायने बदल रहे हैं। सुरक्षा की भावना तो वही है, लेकिन आज के पिता यह समझने लगे हैं कि जीवन के सबसे मूल्यवान सबक अनुभवों से मिलते हैं। बच्चों को अनिश्चितता से बचाने की कोशिश में, हम अक्सर यह भूल जाते हैं कि चुनौतियाँ और गलतियाँ ही उनमें आत्मविश्वास पैदा करती हैं।”

उन्होंने आगे कहा, “एसबीआई लाइफ के नवीनतम कैंपेन #PapaHaiNa (पापा हैं न) के माध्यम से, हम उन पिताओं की कहानी सामने लाए हैं जो समझते हैं कि सच्ची सुरक्षा केवल बच्चों को बचाकर रखना नहीं, बल्कि उन्हें जीवन के लिए तैयार करना है। यह फिल्म एक सरल सत्य को दर्शाती है: कभी-कभी देखभाल का सबसे बड़ा रूप कसकर पकड़ना नहीं, बल्कि यह जानना है कि कब उन्हें खुद उड़ने के लिए छोड़ना है। एसबीआई लाइफ में, यह सोच हमारे ‘अपने लिए, अपनों के लिए’ के दर्शन से मेल खाती है। इस फिल्म के जरिए, हम उन पिताओं की उस भूमिका पर रोशनी डालना चाहते हैं, जो अपने बच्चों को आत्मविश्वास, हिम्मत और आत्मनिर्भरता के साथ जीवन जीने के लिए तैयार करते हैं।“

इस फादर्स डे पर, दरअसल एसबीआई लाइफ का #PapaHaiNa (पापा हैं न) कैंपेन उन पिताओं को सलाम करता है जो सुरक्षा से आगे बढ़कर अपने बच्चों को जीवन की हर परिस्थिति का सामना करने के लिए तैयार करते हैं। ब्रांड के मुख्य सिद्धांत से प्रेरित यह अभियान, बच्चों को सुरक्षा देने और उनमें आत्मविश्वास जगाने के बीच के बेहतरीन संतुलन को जीवंत करता है। Ranu bairagi

Book Showcase

Best Selling Books

Shri Durgasaptashati Sachitra

By Gorakhpur Gita Press

₹100

Book 2 Cover

Stop Letting Everything Affect You

By Daniel Chidiac

₹190

Truth without apology

By Acharya Prashant

₹240

30 Days to Better English

By Norman Lewis

₹199

Translate »