सुखमा कंपनी के सफाई कर्मचारी की लगेगी अब बायोमैट्रिक हाज़िरी

नगर आयुक्त प्रेम प्रकाश मीणा ने मंगलवार देर रात और बुधवार सुबह वार्डों का दौरा कर सुखमा कंपनी के सफाई कर्मचारियों की समस्याओं को  सुना और तत्काल कई सुधार के लिये कदम उठाए। लंबे समय से सफाई कर्मचारियों के हाज़िरी लगाने और वेतन कटौती की शिकायतें सामने आ रही थीं। गांधी पार्क में पहुँचे नगर आयुक्त के सामने महिला सफाई कर्मचारियों ने विशेष रूप से त्योहारों पर वेतन कटौती और सुपरवाइज़र द्वारा उत्पीड़न के मामले नगर आयुक्त के सामने रखे।

नगर आयुक्त ने सहानुभूतिपूर्वक इन समस्याओं को स्वीकार करते हुए तत्काल प्रभाव से बायोमैट्रिक अटेंडेंस प्रणाली लागू करने के निर्देश दिए। कंपनी को 24 घंटे के भीतर यह व्यवस्था शुरू करने के लिए कहा गया है।

नगर आयुक्त ने वार्ड 10, 8, 69, गांधी पार्क, सराय लावरिया और गूलर रोड फायर ब्रिगेड बीट का निरीक्षण कर सफाई कर्मचारियों को भरोसा दिलाया कि उनके साथ किसी प्रकार का शोषण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और सभी जायज़ मांगों का निस्तारण सर्वोच्च प्राथमिकता पर किया जाएगा।

नगर आयुक्त ने कहा

नगर निगम किसी की रोज़ी-रोटी छीनने के पक्ष में नहीं है लेकिन जो लोग सफाई व्यवस्था को बाधित कर रहे हैं या भोले-भाले कर्मचारियों को गुमराह कर रहे हैं, उनके विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सफाई कर्मचारियों की सहूलियत और अधिकारों की रक्षा करना हमारी प्राथमिकता है।

बेहतर साफ व्यवस्था के लिए बेहतर सहूलियत-

  • कार्य समय: पुरुष कर्मचारियों के लिए सुबह 6:00 से दोपहर 2:00 बजे तक तथा महिला कर्मचारियों के लिए सुबह 7:00 से दोपहर 3:00 बजे तक।
  • हाफ-डे नीति: प्रति माह 3 हाफ-डे की अनुमति बिना वेतन कटौती के, बशर्ते 4 घंटे का कार्य पूरा हो।
  • वार्षिक अवकाश: वर्ष में 12 अवकाश, अधिकतम 3 लगातार।
  • वेतन पर्ची और सूचना: वेतन खाते में जमा होने और कटौती की सूचना एसएमएस द्वारा।
  • उपस्थिति का एसएमएस: हाज़िरी लगते ही और अनुपस्थित रहने पर जाएगा संदेश।
  • बायोमेट्रिक हाज़िरी: दिन में दो बार, सुबह और दोपहर के बाद।
  • कार्य समय के अनुसार वेतन:
    • 8 घंटे कार्य पर ₹14,605 (CTC) में से PF/ESIC कटौती के बाद ₹11,500/- हाथ में।
    • 4 घंटे कार्य पर 5 घंटे का वेतन।
    • 5 घंटे कार्य पर 6 घंटे का वेतन।

नगर आयुक्त ने कहा इन सभी सुधारों का उद्देश्य सफाई कर्मचारियों सहूलियत उपलब्ध और उनकी मेहनत का उचित सम्मान सुनिश्चित करना है। 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »