NEW English Version

ईसीएल ने स्वच्छता, स्थिरता और परिचालन दक्षता के लिए विशेष अभियान 6.0 शुरू किया

ईस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (ईसीएल) ने कार्यस्थलों में स्वच्छता, संसाधनों के बेहतर उपयोग और पर्यावरणीय जिम्मेदारी को मजबूत करने के उद्देश्य से विशेष अभियान 6.0 की शुरुआत की है। प्रशासनिक सुधार और लोक शिकायत विभाग के ‘अपशिष्ट से धन’ विषय तथा भारत सरकार के कोयला मंत्रालय के ‘ई-अपशिष्ट प्रबंधन’ विषय के तहत संचालित इस अभियान में संगठन के विभिन्न स्तरों पर स्वच्छता और कार्यकुशलता से जुड़े पहलुओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।

विशेष अभियान 6.0 के तहत ई-अपशिष्ट के व्यवस्थित संग्रह, पृथक्करण और जिम्मेदार निपटान को प्रमुखता दी गई है। इसके साथ ही लंबित मामलों में कमी, कार्यालयीन स्थान के बेहतर उपयोग और डिजिटलीकरण को अभियान के चार प्रमुख कार्यक्षेत्रों में शामिल किया गया है।

अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए ईसीएल व्यापक कार्ययोजना तैयार करेगा। इसे दो चरणों में लागू किया जाएगा। तैयारी चरण 15 सितंबर से 30 सितंबर 2026 तक चलेगा, जबकि कार्यान्वयन चरण 2 अक्टूबर से 31 अक्टूबर 2026 तक आयोजित किया जाएगा।

अभियान का औपचारिक शुभारंभ ईसीएल के सीएमडी सतीश झा ने किया। इस अवसर पर उन्होंने अभियान के उद्देश्यों को प्रभावी ढंग से पूरा करने के लिए कर्मचारियों की सामूहिक भागीदारी को आवश्यक बताया। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से अभियान की गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करते हुए इसे परिणाम आधारित बनाने का आह्वान किया।

शुभारंभ कार्यक्रम में ईसीएल के निदेशक (वित्त) एम.डी. अंजार आलम, निदेशक (मानव संसाधन) गुंजन कुमार सिन्हा, निदेशक (तकनीकी/पीएंडपी) गिरीश गोपीनाथ नायर तथा निदेशक (तकनीकी/परिचालन) चित्रंजन कुमार मौजूद रहे। विशेष अभियान 6.0 के नोडल अधिकारी एवं महाप्रबंधक (मानव संसाधन) नजरुल इस्लाम के अलावा मुख्यालय के विभागाध्यक्ष और विभिन्न क्षेत्रों के महाप्रबंधकों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया।

अभियान के दौरान ईसीएल इलेक्ट्रॉनिक कचरे के निपटान को लेकर व्यवस्थित प्रक्रिया अपनाएगा। पुराने इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों और अन्य ई-अपशिष्ट की पहचान, संग्रह और पृथक्करण के बाद उनका निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार जिम्मेदार निपटान सुनिश्चित करने पर जोर रहेगा। इसका उद्देश्य कार्यालयों में अनावश्यक सामग्री के जमाव को कम करने के साथ पर्यावरण पर पड़ने वाले प्रभाव को भी नियंत्रित करना है।

लंबित मामलों के निपटान को भी अभियान में महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। संसद सदस्यों, राज्य सरकारों और अन्य हितधारकों से प्राप्त लंबित सार्वजनिक शिकायतों, अपीलों, संदर्भों और पत्राचार के समयबद्ध निपटान के लिए प्रयास तेज किए जाएंगे। इससे प्रशासनिक प्रक्रियाओं में जवाबदेही और कार्यकुशलता को बढ़ावा देने की उम्मीद है।

कार्यालयों में लंबे समय से अनुपयोगी पड़ी सामग्री की पहचान और उसके निपटान के माध्यम से उपलब्ध स्थान का बेहतर उपयोग करने पर भी विशेष ध्यान दिया जाएगा। अनुपयोगी वस्तुओं को हटाने से कार्यालयीन व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित बनाने और उपयोगी संसाधनों के लिए अतिरिक्त जगह उपलब्ध कराने का प्रयास किया जाएगा।

डिजिटलीकरण अभियान का एक अन्य महत्वपूर्ण पक्ष होगा। ईसीएल कागज के उपयोग को कम करने, डिजिटल कार्यप्रणाली को बढ़ावा देने और पर्यावरण के अनुकूल कार्यालयीन प्रक्रियाओं को अपनाने की दिशा में कदम उठाएगा। डिजिटल माध्यमों के अधिक इस्तेमाल से दस्तावेजी कार्य को सरल बनाने के साथ परिचालन दक्षता में सुधार का लक्ष्य रखा गया है।

Book Showcase

Best Selling Books

Shri Durgasaptashati Sachitra

By Gorakhpur Gita Press

₹100

Book 2 Cover

Stop Letting Everything Affect You

By Daniel Chidiac

₹190

Truth without apology

By Acharya Prashant

₹240

30 Days to Better English

By Norman Lewis

₹199

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Translate »