विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी तथा पृथ्वी विज्ञान के केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) और प्रधानमंत्री कार्यालय, कार्मिक, लोक शिकायत, पेंशन, अंतरिक्ष एवं परमाणु ऊर्जा विभाग के राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने ‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग 2026’ में भाग लेने आए जम्मू कश्मीर और लद्दाख के युवाओं के दल के साथ अपने आवास पर सौहार्दपूर्ण और अनौपचारिक संवाद किया। इस अवसर पर उन्होंने अतिथि युवा प्रतिभागियों के सम्मान में विशेष रात्रिभोज का भी आयोजन किया।
इस संवाद कार्यक्रम में जम्मू कश्मीर के 52 और लद्दाख के 31 युवा शामिल थे, जो राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित राष्ट्रीय युवा महोत्सव के अंतर्गत ‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग 2026’ में सहभागिता के लिए आए हैं। यह आयोजन माय भारत और युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय के तत्वावधान में किया जा रहा है।

बैठक के दौरान डॉ. जितेंद्र सिंह ने प्रत्येक युवा प्रतिभागी से व्यक्तिगत रूप से बातचीत की और उनकी शैक्षणिक, सामाजिक तथा व्यावसायिक पृष्ठभूमि को जानने में गहरी रुचि दिखाई। उन्होंने युवाओं की आकांक्षाओं, विचारों और राष्ट्रीय स्तर के इस मंच से उनकी अपेक्षाओं पर विस्तार से चर्चा की। मंत्री ने विकसित भारत चैलेंज ट्रैक और कल्चरल एवं इनोवेशन ट्रैक में युवाओं की भागीदारी को महत्वपूर्ण बताते हुए उन्हें इस मंच का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
डॉ. जितेंद्र सिंह ने युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि विकसित भारत का भविष्य उसके युवा नागरिकों की ऊर्जा, नवाचार और नेतृत्व क्षमता पर निर्भर करता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग केवल एक उत्सव या कार्यक्रम नहीं है, बल्कि यह राष्ट्र निर्माण की प्रक्रिया का एक सशक्त मंच है, जहां विचारों, रचनात्मकता और नेतृत्व का संगम देखने को मिलता है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की परिकल्पना का उल्लेख करते हुए मंत्री ने कहा कि आज के युवा केवल विकास के लाभार्थी नहीं हैं, बल्कि वर्ष 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने की दिशा में सक्रिय हितधारक और सह निर्माता भी हैं। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे अपनी भागीदारी को केवल अनुभव तक सीमित न रखें, बल्कि इसे दीर्घकालिक राष्ट्र सेवा की प्रेरणा के रूप में अपनाएं।
राष्ट्रीय एकता और अखंडता के महत्व पर जोर देते हुए डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि जम्मू कश्मीर और लद्दाख जैसे सीमावर्ती और रणनीतिक क्षेत्रों के युवा देश के सामाजिक, सांस्कृतिक और राष्ट्रीय ताने बाने को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन क्षेत्रों के युवाओं की सहभागिता एक भारत, श्रेष्ठ भारत की भावना को मजबूत करती है।
मंत्री ने प्रतिभागियों को प्रोत्साहित किया कि वे इस महोत्सव के दौरान देश भर से आए अपने समकक्ष युवाओं से संवाद स्थापित करें, भारत की विविधता को समझें और नवाचार, शासन, संस्कृति, सामाजिक विकास तथा सार्वजनिक नीति जैसे क्षेत्रों में युवाओं के नेतृत्व वाले समाधान प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि ऐसे मंच युवाओं को न केवल सीखने का अवसर देते हैं, बल्कि उन्हें भविष्य का नेतृत्व संभालने के लिए तैयार भी करते हैं।
यह राष्ट्रीय कार्यक्रम नई दिल्ली के भारत मंडपम में 10 से 12 जनवरी 2026 तक आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम के समापन अवसर पर युवाओं को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से संवाद करने का अवसर भी प्राप्त होगा। राष्ट्रीय युवा महोत्सव का आयोजन प्रत्येक वर्ष स्वामी विवेकानंद की जयंती के अवसर पर किया जाता है, जिसे 12 जनवरी को राष्ट्रीय युवा दिवस के रूप में मनाया जाता है।