दिल्ली जैसे महानगर की आपाधापी, भागदौड़ और संवेदनहीनता के बीच यदि कोई ऐसा स्थान निर्मित हो,…
Tag: ललित गर्ग
अक्षय तृतीया पर्व है लोक से लोकोत्तर की दिव्य यात्रा
अक्षय तृतीया महापर्व का न केवल सनातन परम्परा में बल्कि जैन परम्परा में विशेष महत्व है।…
बिहार में संभावनाएं विकास की: अब सत्ता सम्राट की
बिहार की राजनीति लंबे समय से बदलाव, प्रयोग और नेतृत्व के उतार-चढ़ाव का साक्षी रही है।…
नारी-आरक्षणः नये भारत का आधार एवं संभावनाओं का शिखर
नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर भारत की राजनीति और समाज में जो नई चेतना उभरकर…
सूरों की आशा बनकर गूंजती रहेगी आशा भोसले
भारतीय संगीत का आकाश आज कुछ अधिक मौन, कुछ अधिक रिक्त प्रतीत होता है। स्वर की…
सामाजिक न्याय एवं समानता के पुरोधा पुरुष थे डॉ. अंबेडकर
आधुनिक भारत के निर्माण की जब भी चर्चा होती है, तो डॉ. भीमराव अंबेडकर का व्यक्तित्व…
किशोर आक्रामकता एवं हिंसा पर अंकुश लगाने की पहल हो
भारतीय किशोरों में बढ़ रही हिंसक प्रवृत्ति एवं क्रूर मानसिकता चिन्ताजनक है, नये भारत एवं विकसित…
युद्ध के माहौल में विश्व शांति का शंखनाद है विश्व णमोकार दिवस
विश्व इतिहास के इस संक्रमणकाल में, जब मानवता युद्ध, हिंसा, आतंक, तनाव और असहिष्णुता के बोझ…
कोरियन ड्रामा से भारतीय सीरियल तक : मनोरंजन की दिशा पर पुनर्विचार
विश्व के मनोरंजन जगत में पिछले कुछ वर्षों में यदि किसी देश ने टेलीविजन और वेब…
दंड से सुधार की ओर विश्वास आधारित न्यायिक यात्रा
भारत की लोकतांत्रिक व्यवस्था में कानून का उद्देश्य केवल दंड देना नहीं, बल्कि व्यवस्था, अनुशासन, सुधार…