NEW English Version

​युवा लेखक आयुष्मान सिंह की पुस्तक “द आर एस एस” का हुआ लोकार्पण

वाराणसी : राष्ट्र निर्माण में विगत सौ वर्षों से निष्ठापूर्ण सेवा कार्य में लगे महा संगठन आर.एस.एस. के क्रिया कलापों, उसकी व्यापकता एवं दूरगामी प्रभावों का बहुत विस्तार से विश्लेषण करती युवा लेखक आयुष्मान सिंह एवं चिन्मय सक्सेना की पुस्तक ”द आर.एस.एस.“ का लोकार्पण शिक्षा जगत के उज्ज्वल नक्षत्र ब्रह्मलीन डाॅ. राज सिंह के 83 वें जन्मदिवस के अवसर पर उनको श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए संत अतुलानंद कॅान्वेंट स्कूल, कोइराजपुर वाराणसी के ज्ञानपीठ सभागार में किया गया।

इस लोकार्पण समारोह की अध्यक्षता केंद्रीय कैबिनेट मंत्री डा. महेन्द्र नाथ पाण्डेय ने की, कार्यक्रम के प्रमुख अतिथि एवं मुख्य वक्ता रमेश (प्रांत प्रचारक, कांशी प्रांत) थे। वरिष्ठ प्रचारक रामशीष समेत संघ के कई प्रमुख पदाधिकारी एवं विविध क्षेत्रों के गणमान्य जनों की उपस्थिति ने इस कार्यक्रम की भव्यता में चार चाँद लगा दिए।

पुस्तक लोकार्पण के बाद केंद्रीय मंत्री डा. महेन्द्र नाथ पाण्डेय ने पुस्तक की अत्यंत सराहना करते हुए इसके हिन्दी संस्करण की आवश्यकता पर बल दिया एवं कहा कि ऐसी कृतियाँ जन सामान्य की भाषा में उन तक अवश्य पहुँचनी चाहिए। काशी प्रांत के प्रांत प्रचारक रमेश ने संघ की संम्पूर्ण यात्रा पर विस्तार से चर्चा करते हुए उसके विगत सौ वर्षों की गाथा को पुस्तक के रूप में महान उपलब्धि बताया एवं इसकी सफलता हेतु पुस्तक के लेखक आयुष्मान सिंह को ढ़ेरों बधाईयाँ एवं आशीर्वाद दिया।

Click on image to see price on Amazon

आगत अतिथियों का स्वागत करते हुए आयुष्मान सिंह ने पुस्तक की भूमिका सबके समक्ष रखी। धन्यवाद ज्ञापन करते हुए संस्था सचिव राहुल सिंह ने सभी आगंतुको का आभार प्रकट किया एवं पुस्तक की सफलता हेतु ढ़ेरों शुभकामनाएँ दी। संस्था की निदेशिका डा. वंदना सिंह एवं प्रधानाचार्या डा. नीलम सिंह ने इस तथ्य परक पुस्तक की सराहना करते हुए लेखकद्वय को अनेकानेक शुभकामनाएं प्रदान कीं।

Book Showcase

Best Selling Books

Ikigai: The Japanese secret to a long and happy life

By Héctor García, Francesc Miralles

₹318

Book 2 Cover

Why I am an Atheist and Other Works

By Bhagat Singh

₹104

Truth without apology

By Acharya Prashant

₹240

Until Love Sets Us Apart

By Aditya Nighhot

₹176

Translate »