26 जून को हरिद्वार स्थित देव संस्कृति विश्वविद्यालय में सुबह 9 बजे से मादक द्रव्यों के दुरुपयोग और अवैध तस्करी के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय दिवस पर ‘नशा मुक्त भारत सप्ताह’ का समापन समारोह आयोजित होगा। इस मुहिम को और अधिक व्यापक बनाने के लिए अखिल विश्व गायत्री परिवार के साथ एमओयू पर हस्ताक्षर समारोह भी आयोजित होगा।
इस अवसर पर डॉ. वीरेंद्र कुमार, सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्री, भारत सरकार, श्री पुष्कर सिंह धामी, मुख्यमंत्री, उत्तराखंड, डॉ. चिन्मय पंड्या, प्रो वाइस चांसलर, देव संस्कृति विश्वविद्यालय मौजूद रहेंगे।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों, युवाओं, विभिन्न आध्यात्मिक संगठनों के स्वयंसेवकों, उत्तराखण्ड सरकार के प्रतिनिधियों तथा स्थानीय हितधारकों की ऑनलाइन एवं ऑफलाइन सहभागिता रहेगी। इसके अतिरिक्त देशभर के राज्यों एवं केंद्रशासित प्रदेशों, विभिन्न मंत्रालयों एवं विभागों, अनुदान सहायता प्राप्त संस्थानों, नशा उपचार केंद्रों तथा अन्य हितधारकों के प्रतिनिधि भी कार्यक्रम में भाग लेंगे।

कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग तथा अखिल विश्व गायत्री परिवार के मध्य नशा मुक्त भारत अभियान और अटल वयो अभ्युदय योजना के अंतर्गत समझौता ज्ञापनों पर हस्ताक्षर होगा। इन समझौतों का उद्देश्य जनजागरूकता, सामुदायिक सहभागिता तथा वरिष्ठ नागरिकों के कल्याण के क्षेत्र में सहयोग को सुदृढ़ करना है।
कार्यक्रम के दौरान नशा मुक्त भारत अभियान के उद्देश्यों को आगे बढ़ाने में उल्लेखनीय योगदान देने वाले नशा मुक्ति मित्रों को सम्मानित किया जाएगा। इसके साथ ही विभिन्न राज्यों द्वारा आयोजित प्रतियोगिताओं के विजेताओं तथा उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले हितधारकों को भी सम्मानित किया जाएगा।
अंतरराष्ट्रीय नशा निषेध एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस सरकार, संस्थानों, समुदायों एवं नागरिकों की साझा जिम्मेदारी का स्मरण कराता है। नशा मुक्त भारत सप्ताह के दौरान देशभर में नशा मुक्ति मित्र पंजीकरण अभियान, सेमिनार, वेबिनार, प्रशिक्षण कार्यक्रम, नुक्कड़ नाटक, रैलियां, योग सत्र, ई-प्रतिज्ञा अभियान, हस्ताक्षर अभियान, निबंध लेखन, चित्रकला एवं अन्य जनजागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया गया।
यह समापन कार्यक्रम नशा मुक्त भारत अभियान की उपलब्धियों एवं व्यापक जनसहभागिता को प्रदर्शित करने के साथ-साथ नागरिकों, संस्थानों एवं सामुदायिक संगठनों को “नशा मुक्त भारत, खुशहाल भारत” के संकल्प को आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित करेगा। साभार : पीआईबी