युवा मामले एवं खेल राज्य मंत्री श्रीमती रक्षा खडसे ने आज नई दिल्ली के भारत मंडपम में प्रतिष्ठित एशियाई सीनियर फेंसिंग चैंपियनशिप 2026 की तैयारियों की समीक्षा की।
यह चैंपियनशिप 19 से 24 जून 2026 तक आयोजित होने वाली है। चैंपियनशिप का आधिकारिक शुभारंभ 19 जून 2026 को शाम 6:00 बजे से भारत मंडपम (प्रगति मैदान), नई दिल्ली के हॉल नंबर 2-3 में भव्य उद्घाटन समारोह के साथ होगा। “एक सपना | एक तलवार | एक गौरव” विषय पर आधारित यह समारोह फेंसिंग की भावना, खेल उत्कृष्टता और अंतर्राष्ट्रीय एकता का जश्न मनाएगा।

उद्घाटन समारोह में भारत सरकार के युवा मामले एवं खेल मंत्रालय के मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया मुख्य अतिथि होंगे। इस आयोजन में कई प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय खेल जगत की हस्तियां भी उपस्थित रहेंगी, जिनमें फेडरेशन इंटरनेशनल डी’एस्क्रीम (एफआईई) के कार्यवाहक अध्यक्ष श्री अब्देलमोनीम अल हुसैनी, फेंसिंग कन्फेडरेशन ऑफ एशिया (एफसीए) के अध्यक्ष महामहिम इंजीनियर शेख सलेम बिन सुल्तान अल कासिमी और पैन अमेरिकन फेंसिंग कन्फेडरेशन (पीएएफसी) के अध्यक्ष श्री विटाली लोगविन ग्रेचुहिन शामिल हैं।
यात्रा के दौरान श्रीमती खडसे के साथ फेंसिंग एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष श्री सतेज पाटिल और फेंसिंग एसोसिएशन ऑफ इंडिया के महासचिव श्री राजीव मेहता भी थे। उन्होंने प्रतियोगिता के बुनियादी ढांचे, खिलाड़ियों के लिए सुविधाओं, प्रौद्योगिकी-आधारित रेफरी प्रणालियों और चैंपियनशिप के सफल संचालन के लिए की जा रही अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की।
मंत्री ने आयोजन के लिए उपयोग की जा रही उन्नत खेल प्रौद्योगिकियों और विश्व स्तरीय बुनियादी ढांचे का भी जायजा लिया। उन्होंने पाया कि प्रशिक्षण, प्रदर्शन विश्लेषण और प्रतियोगिता प्रबंधन में आधुनिक प्रौद्योगिकी का समावेश खिलाड़ियों के प्रदर्शन को बेहतर बनाने और उन्हें उच्चतम अंतरराष्ट्रीय मानकों पर प्रतिस्पर्धा करने के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
एशियाई सीनियर फेंसिंग चैंपियनशिप 2026 एक ऐतिहासिक उपलब्धि है क्योंकि भारत पहली बार इस प्रतिष्ठित महाद्वीपीय चैंपियनशिप की मेजबानी कर रहा है। इस आयोजन में 36 देशों के खिलाड़ी भाग लेंगे, जिनमें कुल 787 मान्यता प्राप्त प्रतिभागी शामिल हैं, जैसे कि 406 एथलीट, 75 कोच, 9 प्रबंधक, 13 सहायक कर्मचारी, 40 प्रतिनिधि, 28 स्वयंसेवक और 151 स्थानीय आयोजन समिति (एलओसी) के कर्मचारी।

इस अवसर पर श्रीमती खडसे ने कहा,
“प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में भारत तेजी से एक वैश्विक खेल राष्ट्र के रूप में उभर रहा है। खेलो भारत नीति 2025 खेल अवसंरचना को मजबूत करने, खिलाड़ियों का समर्थन करने, उभरते खेलों को बढ़ावा देने और प्रमुख अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों की मेजबानी करने की भारत की क्षमता को बढ़ाने के लिए एक व्यापक रोडमैप प्रदान करती है। एशियाई सीनियर फेंसिंग चैंपियनशिप 2026 इसी दृष्टिकोण को दर्शाती है और वैश्विक खेल मंच पर भारत की बढ़ती क्षमताओं को प्रदर्शित करती है।”
उन्होंने आगे कहा कि इस स्तर की अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताएं खिलाड़ियों को बहुमूल्य अवसर प्रदान करती हैं, खेल उत्कृष्टता को प्रोत्साहित करती हैं और एक जीवंत एवं भविष्य के लिए तैयार खेल पारिस्थितिकी तंत्र के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देती हैं।
श्रीमती खडसे ने कहा कि चैंपियनशिप का सफल आयोजन खेलो भारत नीति 2025 के उद्देश्यों के अनुरूप है, जो खिलाड़ी-केंद्रित विकास, खेल विज्ञान, प्रौद्योगिकी एकीकरण, बुनियादी ढांचे के विस्तार और अधिक अंतरराष्ट्रीय भागीदारी पर जोर देती है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन वैश्विक खेल प्रतियोगिताओं के लिए भारत को एक पसंदीदा गंतव्य के रूप में मजबूत करते हैं, साथ ही भारतीय खिलाड़ियों को विश्व के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों के साथ प्रतिस्पर्धा करने के नए अवसर प्रदान करते हैं।
मंत्री ने चैंपियनशिप की तैयारियों पर विश्वास व्यक्त किया और भारतीय फेंसिंग एसोसिएशन, तकनीकी अधिकारियों और आयोजन में शामिल सभी हितधारकों के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने सभी भाग लेने वाले खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दीं और आशा व्यक्त की कि चैंपियनशिप भारत में फेंसिंग को और मजबूत करेगी, साथ ही एशिया भर में खेल उत्कृष्टता और सहयोग को बढ़ावा देगी।
इस यात्रा ने उभरते खेलों को बढ़ावा देने, विश्व स्तरीय खेल बुनियादी ढांचे तक पहुंच का विस्तार करने और खेल-आधारित विकास और उत्कृष्टता के माध्यम से विकसित भारत 2047 के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाने के लिए भारत सरकार की प्रतिबद्धता की पुष्टि की।