चिकित्सा उपकरण क्षेत्र में घरेलू विनिर्माण और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए दो प्रमुख उप-योजनाओं के तहत आवेदन आमंत्रित किए गए हैं
रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय के औषधि विभाग ने चिकित्सा उपकरण उद्योग को सुदृढ़ करने की योजना (एसएमडीआई) के तहत पात्र संस्थाओं से आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस योजना का उद्देश्य घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देना, आयात पर निर्भरता कम करना, नवाचार को समर्थन देना और चिकित्सा उपकरण क्षेत्र में मूल्य श्रृंखला को और सशक्त बनाना है।
निम्नलिखित दो उप-योजनाओं के अंतर्गत आवेदन आमंत्रित किए गए हैं:
- आयात पर निर्भरता कम करने के लिए सीमांत निवेश योजना
- चिकित्सा उपकरण नैदानिक अध्ययन सहायता योजना
चयनित आवेदकों को सीमांत निवेश योजना के तहत आयात पर निर्भरता कम करने के लिए प्रमुख घटकों/कच्चे माल/तैयार उपकरणों/सहायक वस्तुओं के निर्माण हेतु प्रतिपूर्ति के आधार पर 10 करोड़ रुपए तक की एकमुश्त पूंजी सब्सिडी के माध्यम से दिया जाएगा।
औषधि विभाग एमडीसीएसएस योजना के अंतर्गत योग्य आवेदकों को नैदानिक परीक्षण, नैदानिक प्रदर्शन मूल्यांकन, बाजार अध्ययन या पशु अनुसंधान के लिए प्रतिपूर्ति के रूप में 5 करोड़ रुपए की वित्तीय सहायता उपलब्ध कराएगा।
इस योजना के अंतर्गत प्रस्ताव 23 जुलाई 2026 (शाम 6:00 बजे) तक ऑनलाइन पोर्टल http://smdi.lsssdc.in के माध्यम से जमा किए जा सकते हैं। पात्रता, आवेदन प्रक्रिया और अन्य नियमों एवं शर्तों के बारे में विस्तृत जानकारी के लिए, कृपया फार्मास्युटिकल विभाग की वेबसाइट https://pharma-dept.gov.in/schemes पर जाएं। साभार : पीआईबी