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त्याग, समर्पण और मानवता का पर्व

ईदुल अजहा, जिसे 'बकरीद' या 'कुर्बानी की ईद' भी कहा जाता है, इस्लाम धर्म के सबसे…

यह कैसा समाज है, जिसमें अदालतें समझाएं रिश्तों का धर्म

किसी भी सभ्यता की वास्तविक पहचान उसकी ऊँची इमारतों, चमकती सड़कों, आर्थिक प्रगति या तकनीकी उपलब्धियों…

बकरी बाई : जीवन की अनपढ़ लेकिन सबसे बड़ी शिक्षिका

हमारे समाज में कुछ लोग ऐसे होते हैं जो किसी बड़े पद, प्रसिद्धि या किताबों के…

आस्था, अध्यात्म और प्रकृति के संरक्षण का महापर्व

भारतीय संस्कृति में नदियाँ केवल जल का स्रोत नहीं, बल्कि जीवनदायिनी माँ के रूप में पूजनीय…

तपती धरती, झुलसता जीवन: हीटवेव की चुनौती

वर्ष 2026 की गर्मी केवल एक मौसमीय घटना नहीं, बल्कि मानव सभ्यता के सामने खड़ी एक…

भाईचारे के अनकहे अहसास का उत्सव

सुरेश सिंह बैस

राजनीति सनातन विरोध की बजाय आममुद्दों पर केंद्रित हो-

भारतीय राजनीति के वर्तमान परिदृश्य में एक ऐसा विमर्श लगातार उभर रहा है, जिसने राजनीतिक बहस…

भक्ति और काव्य की विशिष्ट परंपरा के प्रवर्तक—सूरदास

भारतीय भक्ति साहित्य में सूरदास का नाम अत्यंत श्रद्धा और सम्मान के साथ लिया जाता है।…

अपराधमुक्त राजनीति से ही संभव है नया भारत-विकसित भारत

भारत आज एक ऐतिहासिक संक्रमण काल से गुजर रहा है। एक ओर देश विकसित भारत-2047 के…

जैविक विविधता को कायम रखना मानव का परम कर्तव्य

प्रत्येक वर्ष 22 मई को विश्वभर में (अंतर्राष्ट्रीय जैव विविधता दिवस) मनाया जाता है। इस दिवस…

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