किसी भी समाज की वास्तविक प्रगति का आकलन केवल उसकी ऊंची इमारतों, चौड़ी सड़कों, बढ़ती अर्थव्यवस्था…
Tag: सुरेश सिंह बैस "शाश्वत"
प्रेरणा लायंस क्लब बिलासपुर के रक्तदान शिविर में 26 यूनिट रक्तदान किया गया
सीएमडी कॉलेज स्थित लायंस भवन में प्रातः 10:00 से 2:00 तक ब्लड डोनेशन कैंप लगाया गया।…
“बिलासा” महान वीरांगना और विदुषिका
आज से लगभग 400 साल पहले जब बिलासपुर शहर, शहर नहीं होकर एक छोटा सा गांव…
शिक्षक : केवल ज्ञानदाता नहीं, राष्ट्र के चरित्र-निर्माता
भारत की संस्कृति में शिक्षक का स्थान सदैव अत्यंत ऊँचा रहा है। हमारी परंपरा ने शिक्षक…
राष्ट्रीय सम्मान ‘छत्तीसगढ़ रत्न’ मिलने पर सुरेश सिंह बैस ‘शाश्वत’ को मिली शुभकामनाएं
न्यायधानी बिलासपुर के वरिष्ठ पत्रकार, साहित्यकार एवं समाजसेवी सुरेश सिंह बैस ‘शाश्वत’ को राष्ट्रीय सम्मान ‘छत्तीसगढ़…
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी : धर्म, कर्म और मानवता के मार्गदर्शक का महापर्व
भारतीय संस्कृति में पर्व और त्योहार केवल धार्मिक आस्था के अवसर नहीं हैं, बल्कि वे हमारी…
हरछठ-हलषष्ठी : मातृत्व, संतान-सुख और लोककृषि संस्कृति का पर्व
भारतीय लोकजीवन की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यहां पर्व और त्योहार केवल धार्मिक अनुष्ठान…
नेत्रदान – मृत्यु के बाद भी जीवन में उजाला बाँटने का महादान
मानव जीवन में आँखों का महत्व शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता। आँखें केवल देखने…
“सुपोषित भारत : स्वस्थ भविष्य और समृद्ध राष्ट्र की आधारशिला”
पहला सुख निरोगी काया"—भारतीय जीवन-दर्शन का यह सूत्र आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना सदियों…